नशामुक्त भारत अभियान के अंतर्गत ग्राम हरनावदा में जनजागरूकता एवं शपथ कार्यक्रम आयोजित
कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक ने अफीम की खेती का निरीक्षण कर कानूनी प्रावधानों एवं नशामुक्ति के महत्व पर दिया संदेश
“नशामुक्त भारत अभियान” के अंतर्गत आज ग्राम हरनावदा, तहसील बड़ौद में नशा मुक्ति शपथ एवं जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन ग्राम पंचायत परिसर में किया गया। कार्यक्रम में कलेक्टर आगर मालवा प्रीति यादव और पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम से पूर्व कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक ने ग्राम हरनावदा पहुंचकर किसान भंवरलाल व्यास एवं विष्णुप्रसाद व्यास द्वारा की जा रही अफीम की लाइसेंसी खेती का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने अफीम उत्पादन से संबंधित वैधानिक प्रक्रिया, लाइसेंस शर्तों के पालन, फसल की निगरानी, तथा डोडा चूरा सहित अपशिष्ट पदार्थों के विधिसम्मत नस्तीकरण को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए। पुलिस अधीक्षक ने इस अवसर पर नारकोटिक्स कानून के प्रावधानों का उल्लेख करते हुए बताया कि अवैध उपयोग, भंडारण तथा दुरुपयोग की स्थिति में कठोर कानूनी कार्रवाई का प्रावधान है।
इसके बाद ग्राम पंचायत परिसर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में गांव के लगभग 300 से अधिक नागरिक, जिनमें बच्चों, महिलाओं एवं बुजुर्गों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही, ने सहभागिता की। कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक ने अपने उद्बोधन में नशे के शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और आर्थिक दुष्परिणामों पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डाला। अधिकारियों ने कहा कि नशा न केवल व्यक्ति का जीवन प्रभावित करता है, बल्कि परिवार और समाज को भी गहरे स्तर पर नुकसान पहुंचाता है।
पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार सिंह ने युवाओं और ग्रामीणों को संबोधित करते हुए एनडीपीएस एक्ट के प्रमुख प्रावधानों, अवैध शराब एवं नशीले पदार्थों के दुष्प्रभाव, साइकोट्रॉपिक ड्रग्स के दुरुपयोग, तथा नशीले पदार्थों की तस्करी से जुड़े जोखिमों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि समाज और पुलिस के संयुक्त प्रयास से ही नशा उन्मूलन संभव है। उन्होंने शिकायत हेतु उपलब्ध महत्वपूर्ण हेल्पलाइन—112, 1098, 1930—के उपयोग की अपील करते हुए कहा कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
उन्होंने सक्रिय रूप से कार्य कर रहे सामाजिक संगठनों और एनजीओ की भी सराहना की तथा नशा मुक्ति अभियान में सामुदायिक सहयोग की आवश्यकता पर बल दिया।
कलेक्टर प्रीति यादव ने अपने संबोधन में स्पष्ट किया कि नशा व्यक्ति की संभावनाओं को नष्ट करता है और परिवारिक संरचना को कमजोर बनाता है। उन्होंने युवाओं से नशा मुक्त जीवन अपनाने की अपील की और अंत में समस्त उपस्थितजनों को नशा न करने एवं नशा मुक्त समाज के निर्माण का संकल्प दिलाया।
कार्यक्रम में जिला पंचायत सीईओ नंदा भलावे कुशरे, एसीओ जिला पंचायत जितेंद्र सेंगर, जनपद अध्यक्ष प्रतिनिधि श्याम सिंह परिहार, ग्राम सरपंच कमल सिंह, एसडीएम मिलिंद ढोके, उप संचालक कृषि विभाग विजय चौरसिया, एसडीओपी आगर मोतीलाल कुशवाहा, जिला आबकारी अधिकारी डॉ राजीव द्विवेदी, तहसीलदार बड़ौद भंवर सिंह चौहान, थाना प्रभारी बड़ौद निरीक्षक रूप सिंह बेस, तथा आबकारी उपनिरीक्षक नरेंद्र डामोर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी–कर्मचारी उपस्थित रहे।
समापन में ग्रामीणों द्वारा नशा मुक्ति अभियान के प्रति सहयोग देने एवं गांव को नशामुक्त बनाने का संकल्प लिया गया।





